बोलता सच,पथरदेवा : देवरिया के पथरदेवा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत मलवाबर बनरही में वर्ष 2020 में नियम विरुद्ध तरीके से किए गए पट्टा आवंटन को उप जिलाधिकारी (एसडीएम) ने निरस्त कर दिया है। यह कार्रवाई गांव के ही एक व्यक्ति की शिकायत के बाद की गई, जिसके बाद पूरे गांव में हड़कंप मच गया।
ग्राम पंचायत में वर्ष 2020 में कुल 48 लोगों को राजस्व विभाग के माध्यम से पट्टे की भूमि आवंटित की गई थी। गांव के निवासी गोबरी ने 2021 में जिला प्रशासन को पत्र लिखकर गंभीर आरोप लगाया था कि तत्कालीन ग्राम प्रधान ने अपने करीबी और अपात्र लोगों से पैसे लेकर पट्टे बांटे, जबकि गांव के कई वास्तविक भूमिहीन परिवार इस लाभ से वंचित रह गए।
शिकायत की जांच होने पर कई अनियमितताएँ सामने आईं। तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी अधिकांश लाभार्थी आवंटित जमीन पर कब्जा नहीं कर पाए थे। साथ ही, पट्टा वितरण प्रक्रिया में निर्धारित नियमों का पालन नहीं किया गया था। न तो गांव में कोई खुली बैठक आयोजित की गई और न ही डुग्गी या मुनादी कराई गई, जो कि अनिवार्य प्रक्रिया का हिस्सा है।
जांच रिपोर्ट को गंभीरता से लेते हुए उप जिलाधिकारी श्रुति शर्मा ने सभी 48 आवंटित पट्टों को निरस्त करने का आदेश जारी कर दिया है। उन्होंने बताया कि पट्टा आवंटन में बड़े पैमाने पर अनियमितताएँ पाई गईं, जिसके कारण यह कदम उठाना पड़ा।
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