बोलता सच प्रयागराज। राधा बनकर पूरे देश में सुर्खियों में आए पूर्व आईजी डीके पंडा एक बार फिर चर्चा में हैं। इस बार वह साइबर ठगी का शिकार हो गए। उनके बैंक खाते से करीब 4.32 लाख रुपये निकाल लिए गए। घटना की रिपोर्ट उन्होंने धूमनगंज थाने में दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
ठगी की शिकायत
धूमनगंज थाना क्षेत्र के प्रीतमनगर में रहने वाले पूर्व आईजी डीके पंडा ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि अज्ञात लोगों ने उनके खाते से रकम अपने खाते में ट्रांसफर करा ली। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। गौरतलब है कि पिछले साल अक्टूबर में भी उन्होंने 381 करोड़ रुपये की ठगी का केस दर्ज कराया था।
विवादों में रहा करियर
डीके पंडा मूल रूप से उड़ीसा के रहने वाले हैं और 1971 बैच के आईपीएस अधिकारी रहे हैं। 2005 में उन्होंने आईजी रूल्स एंड मैनुअल, लखनऊ के पद से इस्तीफा दे दिया था।
इसी साल वह सुर्खियों में आए थे, जब उन्होंने महिला का रूप धरकर खुद को दूसरी राधा घोषित कर दिया था। वे सोलह शृंगार करते, मांग में सिंदूर भरते और महिलाओं की तरह आभूषण धारण करते थे। बाद में 2015 में उन्होंने यह रूप त्यागकर खुद को कृष्णानंद नाम दिया।
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