बोलता सच,देवरिया। युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बुधवार को राजकीय आईटीआई परिसर में वृहद रोजगार मेले का आयोजन किया गया। इस मेले में विभिन्न क्षेत्रों की 30 से अधिक कंपनियों ने भाग लिया और बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। कुल 4,441 युवाओं ने रोजगार के लिए आवेदन किया, जिनमें से 1,711 अभ्यर्थियों का प्रारंभिक चयन किया गया।
यह रोजगार मेला मुख्य विकास अधिकारी राजेश कुमार सिंह के निर्देशन और समन्वय में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कंपनियों के एचआर प्रतिनिधियों ने अभ्यर्थियों का साक्षात्कार लिया, जो सुबह से शुरू होकर दोपहर 3 बजे तक लगातार चलता रहा। इस दौरान तकनीकी, गैर-तकनीकी, सेवा और औद्योगिक क्षेत्रों से संबंधित विभिन्न पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया संपन्न हुई। मेले में शामिल युवाओं में खासा उत्साह देखने को मिला, जो अपने भविष्य को लेकर आशान्वित नजर आए।
कार्यक्रम का शुभारंभ उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों को ऑफर लेटर और नियुक्ति पत्र वितरित किए। साथ ही श्रम विभाग की विभिन्न हितलाभ योजनाओं के तहत लाभार्थियों को चेक भी प्रदान किए गए। अपने संबोधन में मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे रोजगार मेले न केवल बेरोजगारी को कम करने में सहायक हैं, बल्कि युवाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर भी प्रदान करते हैं।
मेले में जिलाधिकारी दिव्या मित्तल, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट श्रुति शर्मा और उप श्रमायुक्त शक्ति मौर्य सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने मेले की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अभ्यर्थियों से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता है कि अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार के अवसर मिलें और उन्हें उनके कौशल के अनुसार उचित मंच प्रदान किया जाए।
कार्यक्रम के संयोजक रास बिहारी चतुर्वेदी और जिला सेवायोजन अधिकारी रोहन अपूर्व सिन्हा ने मेले की सफलता पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए अन्य युवाओं को भी निरंतर प्रयास करने और अपने कौशल को विकसित करने की सलाह दी।
कुल मिलाकर, यह रोजगार मेला जिले के युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर साबित हुआ, जिसने उन्हें रोजगार की दिशा में आगे बढ़ने का नया मार्ग प्रदान किया।
इसे भी पढ़े : 13 साल से कोमा में पड़े बेटे को मिली इच्छामृत्यु की अनुमति, अंगदान से पांच लोगों को मिल सकती है नई जिंदगी
➤ You May Also Like

























































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































