सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई और एहतियातन पूरे पासपोर्ट कार्यालय परिसर को खाली करा लिया गया। वहां मौजूद कर्मचारियों और पासपोर्ट बनवाने आए आवेदकों को सुरक्षित बाहर निकाल दिया गया। इसके साथ ही आसपास के इलाके में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर डॉग स्क्वायड और बम निरोधक दस्ता (BDS) को भी बुलाया गया। टीम ने पूरे भवन की सघन तलाशी शुरू कर दी। हर कमरे, गलियारे और संदिग्ध स्थानों की बारीकी से जांच की जा रही है, ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते टाला जा सके।
अचानक हुई इस कार्रवाई से कार्यालय में मौजूद लोगों और कर्मचारियों के बीच दहशत का माहौल बन गया। कई लोग घबराकर परिसर से दूर चले गए, जबकि कुछ समय तक इलाके में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, धमकी भरे ईमेल के स्रोत का पता लगाने के लिए साइबर टीम को भी जांच में लगाया गया है। अब तक की जांच में किसी भी तरह की संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है, लेकिन सुरक्षा के लिहाज से पूरी सतर्कता बरती जा रही है।
क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी शैलेंद्र सिंह ने बताया कि शुक्रवार को रामनवमी का अवकाश था, लेकिन केंद्रीय कार्यालय में नियमित कार्य जारी था। इसी दौरान अधिकारियों को ईमेल के माध्यम से धमकी मिली। उन्होंने तत्काल स्थानीय पुलिस को सूचित किया, जिसके बाद पूरा सुरक्षा तंत्र सक्रिय हो गया।
उन्होंने यह भी बताया कि मामले की जानकारी विदेश मंत्रालय और गृह मंत्रालय तक पहुंचा दी गई है। फिलहाल पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और सुरक्षा एजेंसियां हर पहलू पर नजर बनाए हुए हैं।