Breaking News

बिहार में बैठकों से बढ़ी सियासी हलचल, नीतीश-तेजस्वी के मंथन के बाद सम्राट चौधरी की ‘सीक्रेट मीटिंग’ से अटकलें तेज

Bolta Sach News
|
Political tensions escalate in Bihar due to meetings

बोलता सच,पटना : बिहार की राजनीति में बुधवार को बैठकों का दौर तेज रहा। दिल्ली में जेडीयू प्रमुख नीतीश कुमार ने पार्टी सांसदों के साथ बैठक की, वहीं आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने भी वरिष्ठ नेताओं और सांसदों के साथ रणनीति पर चर्चा की। इन बैठकों के बाद पटना में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अगुवाई में बीजेपी कोटे के मंत्रियों की हुई एक अलग बैठक ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को कैबिनेट की बैठक हुई। इसके समाप्त होने के बाद उन्होंने एनडीए के सहयोगी दलों के मंत्रियों को छोड़कर केवल बीजेपी कोटे के मंत्रियों को अपने आवास पर बुलाया। बैठक बंद कमरे में हुई। चर्चा खत्म होने के बाद कई मंत्री मीडिया से बातचीत किए बिना पिछले दरवाजे से बाहर निकल गए। इसके बाद बिहार के राजनीतिक गलियारों में बैठक को लेकर तरह-तरह के कयास लगाए जाने लगे।

दिल्ली में नीतीश कुमार ने सांसदों से की चर्चा

जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार ने दिल्ली स्थित अपने आवास पर पार्टी सांसदों के साथ बैठक की। बैठक में जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। सांसदों ने अपने-अपने क्षेत्रों में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी दी। बैठक के दौरान संसद में बिहार से जुड़े विकास और जनहित के मुद्दों को प्रभावी तरीके से उठाने पर भी चर्चा हुई। संसदीय दल के नेता दिलेश्वर कामत, देवेशचंद्र ठाकुर और कौशलेन्द्र कुमार समेत कई सांसद बैठक में शामिल रहे।

नीतीश के बाद तेजस्वी ने भी बनाई रणनीति

इसी बीच आरजेडी के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और सांसदों के साथ बैठक की। इसमें बिहार के मौजूदा राजनीतिक हालात, जनहित से जुड़े मुद्दों और संसद में पार्टी की रणनीति पर मंथन किया गया। तेजस्वी यादव ने सांसदों से उनके क्षेत्रों में चल रहे विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं की स्थिति की जानकारी भी ली। एक ही दिन में प्रमुख राजनीतिक दलों की बैठकों ने बिहार की सियासत को गरमा दिया।

सम्राट चौधरी की बैठक पर उठे सवाल

दिल्ली की बैठकों के बाद पटना में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा बीजेपी कोटे के मंत्रियों को अलग से बुलाना चर्चा का विषय बन गया। खास बात यह रही कि बैठक में जेडीयू, हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा और आरएलएम कोटे के मंत्रियों को शामिल नहीं किया गया। बैठक की वजह को लेकर बीजेपी की ओर से कोई विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। ऐसे में राजनीतिक दल इसे अपने-अपने नजरिए से देख रहे हैं।

भाई वीरेंद्र बोले- ‘बड़ी खिचड़ी पक रही है’

आरजेडी के वरिष्ठ नेता और विधायक भाई वीरेंद्र ने सम्राट चौधरी की इस बैठक पर तंज कसा। उन्होंने इसे सामान्य बैठक मानने से इनकार करते हुए कहा कि बिहार के राजनीतिक गलियारों में निश्चित तौर पर कोई ‘बड़ी खिचड़ी पक रही है।’

उन्होंने सवाल उठाया कि यदि बैठक केवल सामान्य प्रशासनिक या संगठनात्मक चर्चा के लिए थी तो एनडीए के दूसरे घटक दलों के मंत्रियों को इससे अलग क्यों रखा गया। भाई वीरेंद्र ने दावा किया कि आने वाले दिनों में इस बैठक के राजनीतिक परिणाम सामने आ सकते हैं।

हालांकि, फिलहाल इन बैठकों को लेकर किसी बड़े राजनीतिक फैसले या गठबंधन में बदलाव की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। लेकिन नीतीश कुमार, तेजस्वी यादव और सम्राट चौधरी की अलग-अलग बैठकों ने बिहार की सियासत में अटकलों का बाजार जरूर गर्म कर दिया है।


इसे भी पढ़े : किशनगंज इंजीनियरिंग कॉलेज की कई छात्राएं बीमार, तीन दिनों से अस्पताल पहुंच रहीं छात्राएं; फूड पॉइजनिंग की आशंका


Discover more from Bolta Sach News - बोलता सच न्यूज़ - सच लिखने का साहस

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Join WhatsApp

Join Now

Leave a Reply

error: