बोलता सच,ग्रेटर नोएडा : महागुन मायवुड्स सोसायटी में पानी और अन्य बुनियादी सुविधाओं की समस्या को लेकर मंगलवार को निवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। सुबह पानी की सप्लाई बाधित होने के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने मुख्य सड़क पर पहुंचकर हंगामा किया और सड़क जाम कर दी। प्रदर्शनकारी बिल्डर प्रबंधन को मौके पर बुलाने और समस्याओं का तत्काल समाधान कराने की मांग कर रहे थे।
हंगामे की सूचना मिलने पर सेंट्रल नोएडा एसीपी, बिसरख पुलिस और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने कई घंटे तक सोसायटी के निवासियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। शाम करीब 5:30 बजे लोगों ने सड़क से जाम हटाया।
छह हजार परिवार पानी की समस्या से परेशान
सोसायटी के निवासियों बीपी बंसल, रणजीत सिंह और आकाश के मुताबिक, महागुन मायवुड्स के तीनों फेज में करीब छह हजार परिवार रहते हैं। लोगों का आरोप है कि वे पिछले करीब एक महीने से पानी की समस्या से परेशान हैं। पिछले दो दिनों में स्थिति और गंभीर हो गई, जबकि सोमवार देर रात पानी की किल्लत काफी बढ़ गई।
निवासियों का कहना है कि पानी के अलावा सोसायटी में अन्य सुविधाओं को लेकर भी समस्याएं बनी हुई हैं। हंगामे के दौरान कुछ समय के लिए डिलीवरी बॉय और घरेलू सहायिकाओं के प्रवेश पर भी रोक लगा दी गई, जिससे कई परिवारों की रोजमर्रा की गतिविधियां प्रभावित हुईं।
बिल्डर के खिलाफ मुकदमे की मांग
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस को बिल्डर प्रबंधन के खिलाफ लिखित शिकायत दी और मुकदमा दर्ज करने की मांग की। निवासियों का कहना है कि लंबे समय से समस्याओं के बावजूद स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा है। बिसरख कोतवाली के एसएचओ मुनेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस के पहुंचने के बाद सोसायटी प्रबंधन के प्रतिनिधि से बातचीत की गई और पानी की सप्लाई शुरू कराई गई।
सितंबर तक सुविधाएं दुरुस्त करने का आश्वासन
सोसायटी प्रबंधन ने मैनपावर बढ़ाने, पानी की व्यवस्था के लिए दो बोरवेल, एसटीपी, बिजली के एचटी पैनल और लिफ्ट समेत अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने का आश्वासन दिया है। प्रबंधन ने 16 अगस्त से सितंबर तक अलग-अलग सुविधाओं को ठीक करने की बात कही है।
ग्रेनो प्राधिकरण ने भी थाने में दी शिकायत
वहीं, ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों का कहना है कि यूजीआर तक पर्याप्त मात्रा में पानी की आपूर्ति की जा रही है और प्राधिकरण की ओर से सप्लाई में कोई कटौती नहीं की गई है। प्राधिकरण ने आरोप लगाया कि भ्रामक सूचना प्रसारित कर उसकी छवि खराब की जा रही है और निवासियों को परेशान किया जा रहा है। इस संबंध में वरिष्ठ प्रबंधक जल की ओर से बिसरख कोतवाली में बिल्डर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए लिखित शिकायत दी गई है। मामले में अब पुलिस और संबंधित विभागों की कार्रवाई का इंतजार है।
इसे भी पढ़े : प्राइवेट अस्पतालों में कमरे का किराया अब 3-स्टार होटल से ज्यादा नहीं? संसदीय समिति ने दिया बड़ा सुझाव
➤ You May Also Like
Discover more from Bolta Sach News - बोलता सच न्यूज़ - सच लिखने का साहस
Subscribe to get the latest posts sent to your email.







































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































